“जिस उम्र में बच्चे सपने देखते हैं, उस उम्र में IPL में वैभव सूर्यवंशी रिकॉर्ड तोड़ रहे हैं।”
“बिहार की मिट्टी से निकला यह सितारा अब सिर्फ रन नहीं बना रहा, इतिहास लिख रहा है।”
“क्रिकेट की दुनिया में नया नाम गूंज रहा है — वैभव सूर्यवंशी, जिसने उम्र नहीं, अपने बल्ले से पहचान बनाई है।”
“चरितार्थ कर रहे कहावत एक बिहारी सब पर भारी”
समस्तीपुर : कभी भारतीय क्रिकेट में बिहार की मौजूदगी को लेकर सवाल उठते थे, लेकिन आज उसी बिहार के समस्तीपुर का एक युवा खिलाड़ी पूरी दुनिया का ध्यान अपनी ओर खींच रहा है। IPL में वैभव सूर्यवंशी ने में ऐसा धमाका किया है कि बड़े-बड़े दिग्गज भी उनकी तारीफ करते नहीं थक रहे।
महज 14-15 साल की उम्र में वैभव जिस आत्मविश्वास के साथ बल्लेबाजी कर रहे हैं, उसने क्रिकेट फैंस को युवा सचिन तेंदुलकर की याद दिला दी है। खास बात यह है कि उनके आदर्श सचिन या धोनी नहीं, बल्कि ब्रायन लारा हैं।

हैदराबाद के खिलाफ बरपा ‘वैभव तूफान’
बुधवार रात IPL में वैभव सूर्यवंशी ने सनराइजर्स हैदराबाद के गेंदबाजों की जमकर परीक्षा ली। शुरुआत से ही आक्रामक अंदाज में बल्लेबाजी करते हुए उन्होंने 97 रन की विस्फोटक पारी खेली और राजस्थान रॉयल्स को 243 रन के विशाल स्कोर तक पहुंचा दिया।
“जब वैभव बल्लेबाजी कर रहे थे, तब मैदान पर सिर्फ गेंद नहीं उड़ रही थी, रिकॉर्ड भी टूट रहे थे।”
क्रिस गेल का 11 साल पुराना रिकॉर्ड चकनाचूर
इस मैच में सबसे बड़ा रिकॉर्ड तब टूटा जब वैभव ने IPL के एक सीजन में सबसे ज्यादा 59 छक्के पूरे कर लिए। इसके साथ ही उन्होंने क्रिस गेल का 11 साल पुराना रिकॉर्ड पीछे छोड़ दिया।
“जिस रिकॉर्ड को अटूट माना जाता था, उसे बिहार के एक किशोर बल्लेबाज ने ध्वस्त कर दिया।”
ऑरेंज कैप पर कब्जा, स्ट्राइक रेट ने बढ़ाई सनसनी
680 रन और करीब 250 के स्ट्राइक रेट के साथ वैभव इस सीजन के सबसे खतरनाक बल्लेबाज बन चुके हैं। ऑरेंज कैप उनके सिर पर है और विरोधी गेंदबाजों के लिए वे सबसे बड़ी चुनौती बन गए हैं।
“रनों की भूख, छक्कों की बरसात और बेखौफ अंदाज… यही है वैभव सूर्यवंशी की पहचान।”
मैच के बाद क्या बोले वैभव?
मैच खत्म होने के बाद जब उनकी बल्लेबाजी का राज पूछा गया तो उन्होंने मुस्कुराते हुए कहा:
“मैं गेंदबाजों के बारे में ज्यादा नहीं सोचता, मेरा काम बस गेंद को सही जगह पहुंचाना है।”
यही सादगी और यही आत्मविश्वास आज उन्हें करोड़ों क्रिकेट फैंस का नया हीरो बना रहा है।
आपकी लेखनी का जबाव नहीं, उम्दा
सराहना के लिए धन्यवाद !